
रांची में भारत-वेस्टइंडीज दूसरा टी20: संजू सैमसन पर निगाहें, क्या वैभव सूर्यवंशी को मिलेगा मौका?

लखनऊ में शानदार जीत के बाद भारतीय टीम की नजरें जीत का सिलसिला जारी रखने पर हैं। रांची में होने वाले दूसरे मुकाबले से पहले सबसे बड़ा सवाल सलामी बल्लेबाजी को लेकर है—संजू सैमसन को फिर मौका मिलेगा या वैभव सूर्यवंशी की होगी एंट्री?
रांची। भारत और वेस्टइंडीज के बीच टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज का दूसरा मुकाबला शुक्रवार, 9 अक्टूबर को रांची के जेएससीए स्टेडियम में खेला जाना है। पहले मैच में प्रभावशाली प्रदर्शन करने वाली भारतीय टीम आत्मविश्वास के साथ उतरेगी। वहीं, वेस्टइंडीज की कोशिश पिछले मुकाबले की कमियों को दूर कर वापसी करने की होगी। मुकाबले से पहले भारतीय टीम के संयोजन और खासकर विकेटकीपर बल्लेबाज संजू सैमसन की जगह को लेकर चर्चा तेज है।
सैमसन के लिए खुद को साबित करने का अवसर
संजू सैमसन के लिए यह मुकाबला अहम साबित हो सकता है। शीर्ष क्रम में अपनी जगह मजबूत करने के लिए उन्हें बड़ी पारी की जरूरत है। दिए गए मैच विवरण के अनुसार, जापान दौरे के बाद से उनके बल्ले से लगातार अच्छे स्कोर नहीं आए हैं। लखनऊ में खेले गए पहले टी20 में भी वह प्रभाव नहीं छोड़ सके और कॉट एंड बोल्ड होकर पवेलियन लौट गए।
सैमसन की बल्लेबाजी क्षमता पर संदेह नहीं है, लेकिन टीम में बढ़ती प्रतिस्पर्धा के बीच निरंतरता जरूरी है। यदि उन्हें दूसरे मुकाबले में अवसर मिलता है, तो उनकी कोशिश शुरुआत को बड़ी पारी में बदलने की होगी। टीम को भी उनसे ऐसी बल्लेबाजी की उम्मीद होगी, जो शुरुआती ओवरों में रन जुटाने के साथ पारी को स्थिरता दे सके।
वैभव सूर्यवंशी अपनी बारी के इंतजार में
युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी की मौजूदगी ने सलामी बल्लेबाजी की प्रतिस्पर्धा को दिलचस्प बना दिया है। एशियाई खेलों में भारत की सफलता के बाद भी उन्हें वेस्टइंडीज के खिलाफ शुरुआती मुकाबले में अंतिम एकादश में जगह नहीं मिली।
अब निगाहें इस बात पर हैं कि टीम प्रबंधन विजयी संयोजन बरकरार रखता है या युवा बल्लेबाज को मौका देता है। हालांकि, सैमसन की जगह सूर्यवंशी को शामिल किए जाने की कोई पुष्टि नहीं हुई है। अंतिम फैसला टॉस के समय घोषित टीम से स्पष्ट होगा।
श्रेयस अय्यर की पारी से बढ़ा भरोसा
लखनऊ में कप्तान श्रेयस अय्यर ने भारतीय जीत की अगुआई की थी। उन्होंने 172 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए नाबाद 102 रन बनाए। यह टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में उनका सर्वश्रेष्ठ व्यक्तिगत स्कोर रहा। कप्तान की इस पारी ने भारतीय बल्लेबाजी को मजबूती दी और लक्ष्य का पीछा करते समय टीम को भरोसा दिलाया।
रांची में भी अय्यर से मध्यक्रम को संभालने की उम्मीद रहेगी। भारत के लिए चुनौती पिछले मैच की सफलता को दोहराने के साथ बल्लेबाजी में सामूहिक योगदान हासिल करने की होगी।
वेस्टइंडीज को चाहिए बेहतर प्रदर्शन
वेस्टइंडीज के सामने भारतीय बल्लेबाजों को रोकने की चुनौती होगी। कप्तान और विकेटकीपर शाई होप के नेतृत्व में टीम बल्लेबाजी और गेंदबाजी, दोनों विभागों में सुधार चाहेगी। शिमरोन हेटमायर, रोवमैन पॉवेल और शेरफेन रदरफोर्ड जैसे बल्लेबाजों से उपयोगी योगदान की अपेक्षा रहेगी।
गेंदबाजी में अकील हुसैन, शमर जोसेफ, मैथ्यू फोर्ड और रोमारियो शेफर्ड की भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है। भारतीय बल्लेबाजों पर दबाव बनाने के लिए शुरुआती विकेट और साझेदारियों को तोड़ना जरूरी होगा।
वेस्टइंडीज की संभावित प्लेइंग इलेवन
कामिल पूरन, शाई होप (कप्तान एवं विकेटकीपर), शिमरोन हेटमायर, रोस्टन चेज, रोवमैन पॉवेल, शेरफेन रदरफोर्ड, कीमो पॉल, रोमारियो शेफर्ड, मैथ्यू फोर्ड, अकील हुसैन और शमर जोसेफ।
भारत का पूरा स्क्वॉड
अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन, ईशान किशन, श्रेयस अय्यर (कप्तान), तिलक वर्मा, शिवम दुबे, नमन धीर, अक्षर पटेल, अर्शदीप सिंह, कुलदीप यादव, मयंक यादव, रवि बिश्नोई, नीतीश कुमार रेड्डी, वैभव सूर्यवंशी और प्रिंस यादव।
वेस्टइंडीज का पूरा स्क्वॉड
शाई होप (कप्तान एवं विकेटकीपर), कामिल पूरन, शिमरोन हेटमायर, रोवमैन पॉवेल, शेरफेन रदरफोर्ड, रोस्टन चेज, रोमारियो शेफर्ड, मैथ्यू फोर्ड, शमर स्प्रिंगर, अकील हुसैन, शमर जोसेफ, गुडाकेश मोती, कीमो पॉल, आमिर जंगू और क्वेंटिन सैम्पसन।
नोट: संभावित एकादश और स्क्वॉड अलग हैं। उपलब्ध विवरण में भारत की संभावित अंतिम एकादश नहीं दी गई है। दोनों टीमों की आधिकारिक प्लेइंग इलेवन टॉस के समय घोषित होगी।




