Ranchi Birsa Munda Football Stadium: खिलाड़ियों ने खेल मंत्री को लिखा पत्र, 4 साल से बिना उपकरण-जिम के हो रहा अभ्यास, जानें क्या है मामला

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Ranchi Birsa Munda Football Stadium: खिलाड़ियों ने खेल मंत्री को लिखा पत्र, उपकरण और जिम सुविधा की मांग

रांची: राजधानी रांची के Ranchi Birsa Munda Football Stadium में अभ्यास कर रहे एथलेटिक्स खिलाड़ियों ने खेल सुविधाओं की कमी को लेकर झारखंड सरकार के खेल मंत्री से हस्तक्षेप की मांग की है। खिलाड़ियों ने पत्र लिखकर आरोप लगाया है कि वर्षों से अभ्यास करने के बावजूद उन्हें न तो आवश्यक खेल उपकरण उपलब्ध कराए गए हैं और न ही नियमित रूप से जिम की सुविधा मिल रही है।

यह स्टेडियम 2009 में बना था और इसकी क्षमता 35,000 दर्शकों की है। यहां पहले से ही 12 डबल लिफ्ट, व्हीलचेयर के लिए रैंप और अंतरराष्ट्रीय स्तर की सिंथेटिक ट्रैक जैसी सुविधाएं मौजूद हैं। हालांकि, खिलाड़ियों का कहना है कि बुनियादी प्रशिक्षण उपकरणों का अभाव उनकी तैयारी में बाधा बन रहा है।


Ranchi Birsa Munda Football Stadium: 3 से 4 साल से बिना उपकरण कर रहे अभ्यास

खिलाड़ियों का कहना है कि वे पिछले 3 से 4 वर्षों से Ranchi Birsa Munda Football Stadium में नियमित अभ्यास कर रहे हैं। उनका सपना राज्य और देश का नाम राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में रोशन करना है, लेकिन अब तक एथलेटिक्स के लिए जरूरी बुनियादी उपकरण भी उपलब्ध नहीं कराए गए।

खिलाड़ियों के अनुसार Ranchi Birsa Munda Football Stadium में भाला (Javelin), गोला (Shot Put), चक्का (Discus), बाधा दौड़ (Hurdles) और हाई जंप मैट जैसे आवश्यक उपकरणों का अभाव है, जिससे उनकी तैयारी प्रभावित हो रही है।

हाल ही में इसी स्टेडियम में 29वीं नेशनल सीनियर एथलेटिक्स फेडरेशन चैम्पियनशिप 2026 का आयोजन हुआ था, जिसमें देशभर के खिलाड़ियों ने भाग लिया और कई नए रिकॉर्ड बनाए। इस आयोजन ने स्टेडियम की क्षमता को तो दिखाया, लेकिन स्थानीय खिलाड़ियों को प्रशिक्षण उपकरणों की कमी का सामना करना पड़ रहा है।


Ranchi Birsa Munda Football Stadium: जिम सुविधा भी नियमित नहीं

खिलाड़ियों ने आरोप लगाया कि पिछले चार वर्षों में उन्हें कई बार Ranchi Birsa Munda Football Stadium के जिम का उपयोग करने की अनुमति तो दी गई, लेकिन हर दो से तीन महीने बाद जिम बंद कर दिया जाता है। इस बार भी यही स्थिति बनी हुई है, जिससे उनकी फिटनेस और ट्रेनिंग पर असर पड़ रहा है।

गौरतलब है कि Ranchi Birsa Munda Football Stadium में पहले से ही 12 लिफ्ट, व्हीलचेयर के लिए रैंप और एक एयर-कंडीशन्ड इनक्लोजर जैसी आधुनिक सुविधाएं मौजूद हैं। इसके बावजूद, खिलाड़ियों को बुनियादी प्रशिक्षण उपकरणों की कमी का सामना करना पड़ रहा है।


“पॉलिसी में जिम की सुविधा का प्रावधान नहीं”

खिलाड़ियों का कहना है कि जब उन्होंने इस संबंध में खेल विभाग के निदेशक से बात की, तो उन्हें बताया गया कि “पॉलिसी में खिलाड़ियों को जिम सुविधा देने का प्रावधान नहीं है।” इस जवाब से खिलाड़ी निराश हैं और इसे खेल प्रतिभाओं के साथ अन्याय बता रहे हैं।

खेल मंत्री सुदिव्य कुमार ने हाल ही में स्टेडियम का निरीक्षण किया था और अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप सुविधाओं को उन्नत बनाने के निर्देश दिए थे। मंत्री ने कहा था कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में सरकार खिलाड़ियों को विश्व स्तरीय प्रशिक्षण और संसाधन प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।


Ranchi Birsa Munda Football Stadium: राष्ट्रीय स्तर की तैयारी पर पड़ रहा असर

खिलाड़ियों का कहना है कि आधुनिक खेलों में फिटनेस और वैज्ञानिक प्रशिक्षण बेहद जरूरी है। बिना जिम और आवश्यक उपकरणों के वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों से प्रतिस्पर्धा नहीं कर सकते।

Ranchi Birsa Munda Football Stadium में पहले से ही 35,000 दर्शकों की क्षमता और अंतरराष्ट्रीय स्तर की सिंथेटिक ट्रैक जैसी सुविधाएं मौजूद हैं, लेकिन बुनियादी प्रशिक्षण उपकरणों और जिम सुविधा की कमी खिलाड़ियों की राष्ट्रीय स्तर की तैयारी में बाधा बन रही है।


खेल मंत्री से की ये मांग

खिलाड़ियों ने खेल मंत्री को भेजे गए पत्र में मांग की है कि:

  • Ranchi Birsa Munda Football Stadium का जिम स्थायी रूप से खोला जाए।
  • एथलेटिक्स के सभी आवश्यक उपकरण तत्काल उपलब्ध कराए जाएं।
  • खिलाड़ियों को नियमित और बेहतर प्रशिक्षण की सुविधा सुनिश्चित की जाए।

खिलाड़ियों का कहना है कि यदि समय रहते बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराई गईं, तो राज्य की उभरती खेल प्रतिभाओं का भविष्य प्रभावित हो सकता है। उन्होंने सरकार से जल्द सकारात्मक पहल करने की अपील की है।

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