ग़ज़ल का बादशाह चला गया… लेकिन उसके शेर अभी ज़िंदा हैं
उर्दू शायरी की दुनिया में कुछ नाम केवल कवि नहीं होते, वे एक दौर होते हैं। डॉ. बशीर बद्र ऐसा ही एक दौर थे। The Last ‘Irshad’: Remembering Bashir Badr, the Voice of a Generation 91 वर्ष की उम्र में उनका जाना केवल एक शायर का निधन नहीं है, बल्कि उन लाखों…





