पीएचइडी चौक-बूटी मोड़ मार्ग पर करीब एक घंटे चला हंगामा; अलबर्ट एक्का चौक से अवैध होर्डिंग, पुरानी रेलिंग और ट्रैफिक बूथ भी हटाए गए

रांची: राजधानी में सरकारी जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए नगर निगम का अभियान गुरुवार को विवादों में घिर गया। पीएचइडी चौक से बूटी मोड़ तक चल रही कार्रवाई के दौरान नगर निगम की टीम को अतिक्रमणकारियों के विरोध का सामना करना पड़ा। दो मंजिला मकान तोड़ने पहुंची टीम के सामने करीब एक घंटे तक हंगामा चलता रहा।
स्थिति उस समय और बिगड़ गई, जब बड़गाईं अंचल के अमीन के साथ धक्का-मुक्की की गई। इसके अलावा पीएचइडी की ओर से नगर निगम को उपलब्ध कराया गया जमीन का नक्शा भी फाड़ दिए जाने की बात सामने आई।
विरोध के बावजूद जेसीबी से गिराया गया मकान
नगर निगम की इंफोर्समेंट टीम सरकारी जमीन पर बने दो मंजिला मकान को हटाने के लिए पहुंची थी। कार्रवाई शुरू होते ही मौके पर मौजूद लोगों ने इसका विरोध शुरू कर दिया। लगातार विरोध और हंगामे के बावजूद नगर निगम की टीम पीछे नहीं हटी। बाद में जेसीबी की मदद से दो मंजिला अवैध निर्माण को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया गया। नगर निगम के अधिकारियों के अनुसार, संबंधित अतिक्रमणकारियों को पहले ही नोटिस दिया गया था। तय समय में निर्माण नहीं हटाए जाने के बाद निगम ने कार्रवाई की।
दो अन्य अवैध संरचनाओं पर भी कार्रवाई
अभियान के दौरान केवल एक मकान ही नहीं, बल्कि दो अन्य अवैध संरचनाओं के खिलाफ भी कार्रवाई की गई। निगम की टीम ने मौके पर मौजूद अधिकारियों और इंफोर्समेंट कर्मियों की निगरानी में इन निर्माणों को हटाया। नगर निगम का कहना है कि सरकारी जमीन पर बिना अनुमति किए गए निर्माण के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
अमीन और इंफोर्समेंट अधिकारियों से उलझते रहे लोग
कार्रवाई के दौरान कुछ लोग नगर निगम के अमीन और इंफोर्समेंट टीम के अधिकारियों से लगातार बहस और विरोध करते रहे। मौके पर PCR वैन के अलावा अभियान के लिए पुलिसकर्मियों की तैनाती भी की गई थी।
नगर निगमकर्मियों का आरोप है कि विरोध के दौरान पुलिस का अपेक्षित सहयोग नहीं मिला। निगम के कर्मचारियों ने कहा कि अतिक्रमण हटाने जैसे अभियानों में पर्याप्त पुलिस बल और प्रभावी सुरक्षा नहीं मिलने पर आगे कार्रवाई करना मुश्किल हो सकता है।
अलबर्ट एक्का चौक पर भी चला निगम का बुलडोजर
अतिक्रमण हटाओ अभियान के तहत नगर निगम की टीम ने अलबर्ट एक्का चौक पर भी कार्रवाई की। यहां सड़क और सार्वजनिक स्थानों पर लगे अवैध होर्डिंग हटाए गए। इसके साथ ही काफी समय से इस्तेमाल में नहीं आ रहे पुराने ट्रैफिक बूथ को भी हटाया गया। निगम की टीम ने वहां लगी पुरानी लोहे की रेलिंग को भी काटकर हटा दिया।
मेन रोड पर बढ़ेगी आवाजाही की जगह
नगर निगम अधिकारियों के मुताबिक मेन रोड चौड़ीकरण और पैदल यात्रियों की सुविधा के लिए लगाई गई पुरानी रेलिंग अब कई जगहों पर उपयोगी नहीं रह गई थी। इसके अलावा अनुपयोगी ढांचे और अवैध होर्डिंग सार्वजनिक स्थान घेर रहे थे।
इन संरचनाओं को हटाने से सड़क और फुटपाथ के लिए उपलब्ध जगह का बेहतर इस्तेमाल किया जा सकेगा। निगम का दावा है कि इससे मेन रोड पर यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने और पैदल चलने वालों की आवाजाही में सुधार करने में मदद मिलेगी।
अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई जारी रखने का दावा
नगर निगम की ओर से स्पष्ट किया गया है कि सरकारी जमीन पर कब्जे और सार्वजनिक स्थानों पर किए गए अवैध निर्माण के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। गुरुवार की कार्रवाई में विरोध और हंगामे के बावजूद निगम ने अपना अभियान पूरा किया। अब निगम की नजर शहर के उन अन्य हिस्सों पर है, जहां सरकारी जमीन या सड़क और फुटपाथ की जगह पर अवैध कब्जे और अस्थायी संरचनाएं बनी हुई हैं।

