स्कूलों की व्यवस्था सुधारने को लेकर उपायुक्त ने की समीक्षा बैठक। मिड-डे मील की गुणवत्ता, आधार कार्ड, भवन और छात्रों की सुविधाओं पर दिए कई निर्देश।

दुमका: जिले की शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए दुमका प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। बुधवार को उपायुक्त अभिजीत सिन्हा की अध्यक्षता में शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें स्कूलों में शिक्षकों की उपस्थिति, शैक्षणिक गतिविधियों और सरकारी योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई।
बैठक के दौरान उपायुक्त ने शिक्षकों की उपस्थिति को लेकर स्पष्ट निर्देश दिया कि अगस्त महीने में जिन शिक्षकों की उपस्थिति संतोषजनक नहीं मिलेगी, उनके वेतन भुगतान पर रोक लगाने की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को स्कूलों में नियमित उपस्थिति सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए।
मिड-डे मील की गुणवत्ता पर विशेष निगरानी
बैठक में मध्याह्न भोजन योजना की भी समीक्षा की गई। उपायुक्त ने सभी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि वे अपने क्षेत्र के विद्यालयों में जाकर बच्चों के साथ बैठकर भोजन करें और खाने की गुणवत्ता की नियमित जांच करें। उन्होंने कहा कि बच्चों को मिलने वाले भोजन की गुणवत्ता में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
73 प्रतिशत बच्चों का बना आधार कार्ड, बाकी जल्द पूरे करने का निर्देश
स्कूली बच्चों के आधार कार्ड निर्माण की स्थिति की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने बताया कि जिले में करीब 73 प्रतिशत विद्यार्थियों का आधार कार्ड तैयार हो चुका है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि शेष बच्चों का आधार कार्ड जल्द से जल्द बनाकर इस प्रक्रिया को शत-प्रतिशत पूरा किया जाए।
स्कूल भवन और मूलभूत सुविधाओं पर भी फोकस
बैठक में विद्यालय भवनों की स्थिति, शौचालय निर्माण और अन्य बुनियादी सुविधाओं की भी समीक्षा की गई। उपायुक्त ने निर्देश दिया कि निर्माणाधीन शौचालयों का काम जल्द पूरा कराया जाए। इसके साथ ही कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों में अतिरिक्त कक्षों और बेंच-डेस्क की जरूरत का आकलन कर रिपोर्ट तैयार करने को कहा गया।
जर्जर भवनों की तुरंत देनी होगी जानकारी
उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि किसी भी विद्यालय की दीवार, छत या भवन का कोई हिस्सा कमजोर या जर्जर स्थिति में है तो इसकी सूचना तुरंत उपलब्ध कराई जाए, ताकि समय रहते मरम्मत या वैकल्पिक व्यवस्था की जा सके और किसी दुर्घटना से बचा जा सके। उन्होंने पिछले एक महीने में स्कूलों से जुड़ी शिकायतों और प्रकाशित खबरों की रिपोर्ट भी तैयार कर कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा।
बेहतर प्रदर्शन करने वाले शिक्षकों को मिलेगा सम्मान
बैठक में उपायुक्त ने शिक्षकों के लिए हर महीने पुरस्कार वितरण कार्यक्रम आयोजित करने की घोषणा भी की। उन्होंने बताया कि विद्यार्थियों की उपस्थिति, स्कूल की साफ-सफाई, स्पोकन इंग्लिश, शैक्षणिक गुणवत्ता और अन्य मानकों के आधार पर बेहतर प्रदर्शन करने वाले शिक्षकों को सम्मानित किया जाएगा।
पढ़ाई प्रभावित न हो, यह प्रशासन की प्राथमिकता
उपायुक्त ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिया कि जिले के किसी भी विद्यालय में मूलभूत सुविधाओं की कमी नहीं रहनी चाहिए। उन्होंने कहा कि छात्रों की पढ़ाई किसी भी स्थिति में प्रभावित नहीं होनी चाहिए और शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ काम करें।
बैठक में डीडीसी, जिला शिक्षा पदाधिकारी, जिला शिक्षा अधीक्षक, सभी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी समेत शिक्षा विभाग के अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

