RSS Office Update: NIA ने दर्ज की 2026 की पहली FIR
रांची के निवारणपुर स्थित RSS कार्यालय पर 16 जून की रात हुए पेट्रोल बम हमले की जांच अब राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) करेगी। एनआईए ने चुटिया थाने में दर्ज प्राथमिकी (कांड संख्या 85/26) को अपने अधीन ले लिया है और इसे एनआईए रांची थाने में आरसी-01/2026/NIA/RNC के रूप में पुनः पंजीकृत किया है।
यह NIA रांची के लिए वर्ष 2026 की पहली FIR है। इस RSS office update में सबसे अहम बात यह है कि मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराओं के अलावा विस्फोटक पदार्थ अधिनियम और गैरकानूनी गतिविधियां (निवारण) अधिनियम (UAPA) की धाराएं भी लगाई गई हैं। यह UAPA एक कठोर कानून है जिसका उद्देश्य देश की सुरक्षा और अखंडता के खिलाफ आतंकवादी गतिविधियों को रोकना है।
NIA से पहले, झारखंड पुलिस की आतंकवाद निरोधक दस्ता (ATS) ने इस मामले की जांच का प्रभार लिया था। ATS ने घटनास्थल का निरीक्षण किया, सीसीटीवी फुटेज खंगाले और आसपास के लोगों से पूछताछ की।
RSS Office Update: केंद्रीय गृह मंत्रालय के आदेश पर दर्ज हुआ मामला
NIA ने यह केस केंद्रीय गृह मंत्रालय के आदेश के आलोक में दर्ज किया है। मामले के शिकायतकर्ता केंद्रीय गृह मंत्रालय के अवर सचिव विमल कुमार शुक्ला हैं।
अब NIA इस मामले में सामने आ रहे अंतरराष्ट्रीय आतंकी कनेक्शन, हमले के पीछे की साजिश और इसमें शामिल आरोपियों के खिलाफ विस्तृत जांच करेगी।
RSS Office Update: आरोपियों की गिरफ्तारी और अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन
इस RSS office update में बड़ी जानकारी यह है कि NIA से पहले रांची पुलिस और झारखंड ATS ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया था:
- सैफ अंसारी (लोहरदगा निवासी)
- अमन अंसारी उर्फ गोलू (लोहरदगा निवासी)
- सायम सुजान (लोहरदगा निवासी)
पाकिस्तान-दुबई कनेक्शन
जांच में चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं:
- दुबई में रची गई साजिश: आरोपी सैफ और अमन अंसारी दुबई गए थे, जहां उनकी मुलाकात एक पाकिस्तानी नागरिक शाहबाज राणा उर्फ भट्टी से हुई।
- आतंकी संगठन TTH: शाहबाज राणा को आतंकी संगठन तहरीक-ए-तालिबान हिंदुस्तान (TTH) का सदस्य बताया जा रहा है, जो पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI से फंडिंग प्राप्त करता है।
- रेडिकलाइजेशन: दुबई में दोनों को कट्टरपंथी बनाया गया और पेट्रोल बम बनाने का प्रशिक्षण दिया गया।
- हमले का वीडियो: आरोपियों ने हमले का पूरा वीडियो बनाकर तुरंत अपने पाकिस्तानी हैंडलरों को भेजा।
- संपर्क का माध्यम: वे बोटिम ऐप (यूएई में इस्तेमाल होने वाला ऐप) और व्हाट्सएप के जरिए लगातार हैंडलरों से जुड़े थे।
- चार राज्यों में नेटवर्क: आरोपियों का झारखंड के अलावा उत्तर प्रदेश, दिल्ली और मुंबई से भी कनेक्शन जुड़ा था।
RSS Office Update: एक आरोपी की फरारी और मुठभेड़
इस RSS office update में एक और चौंकाने वाला पहलू सामने आया। पूछताछ के दौरान कोतवाली थाना परिसर में बंद आरोपी सैफ अंसारी ने वेंटिलेटर तोड़कर फरार हो गया। पुलिस ने उसे मांडर टोल प्लाजा के पास पकड़ा। पकड़े जाने के बाद सैफ ने पुलिस कर्मी से हथियार छीनकर फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने गोली चलाई, जिससे सैफ के पैर में गोली लग गई।
इस घटना के बाद सैफ के खिलाफ हाजत से भागने और पुलिस से मुठभेड़ के अलग-अलग मामले दर्ज किए गए हैं।
RSS Office Update: NIA की जांच का दायरा
NIA अब इस मामले में व्यापक जांच करेगी:
- आतंकी नेटवर्क की तलाश: अन्य संदिग्धों और स्लीपर सेल की पहचान
- वित्तीय लेन-देन: दुबई और पाकिस्तान से फंडिंग के स्रोतों का पता लगाना
- संचार नेटवर्क: बोटिम ऐप और अन्य माध्यमों से संपर्कों की जांच
इस RSS office update को ध्यान में रखते हुए, यह मामला अब स्थानीय स्तर से बढ़कर एक अंतरराष्ट्रीय आतंकी साजिश के रूप में देखा जा रहा है।


