पर्यटन सुरक्षा समिति ने स्वर्णरेखा जल विद्युत परियोजना को लिखा पत्र। जोगिया दह जैसे खतरनाक क्षेत्रों में आवाजाही रोकने और रेलिंग गेट बंद रखने की मांग।

अनगड़ा (रांची): झारखंड के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल हुंडरू फॉल में पर्यटकों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। लगातार पर्यटकों के प्रतिबंधित और खतरनाक क्षेत्रों तक पहुंचने की घटनाओं के बाद झारखंड पर्यटन सुरक्षा समिति ने सुरक्षा व्यवस्था और सख्त करने की मांग उठाई है। समिति के अध्यक्ष सह हुंडरू फॉल प्रभारी राजकिशोर प्रसाद ने स्वर्णरेखा जल विद्युत परियोजना, सिकिदिरी के परियोजना प्रबंधक संजय कुमार सिंह को पत्र लिखकर सुरक्षा के लिए तत्काल कदम उठाने का आग्रह किया है।
खतरनाक क्षेत्रों में पहुंच रहे पर्यटक
पत्र में कहा गया है कि कई पर्यटक पावर यूनिट-2 से होकर हुंडरू फॉल तक पहुंचने वाले रास्ते का उपयोग कर रहे हैं। इस दौरान वे अनजाने में जोगिया दह जैसे बेहद खतरनाक स्थानों तक पहुंच जाते हैं, जिससे दुर्घटना की आशंका लगातार बनी रहती है।
रेलिंग गेट बंद रखने की मांग

पर्यटन सुरक्षा समिति ने मांग की है कि प्रतिबंधित मार्गों पर पर्यटकों की आवाजाही पूरी तरह रोकी जाए और सुरक्षा के लिए लगाए गए रेलिंग गेट हमेशा बंद रखे जाएं, ताकि कोई भी पर्यटक जोखिम वाले क्षेत्र में प्रवेश न कर सके।
अचानक पानी छोड़े जाने से बढ़ता है खतरा
समिति ने यह भी कहा कि स्वर्णरेखा परियोजना की नहर या जलाशय से अचानक पानी छोड़े जाने की स्थिति में नदी और झरने का जलस्तर तेजी से बढ़ सकता है। ऐसे समय में यदि पर्यटक नीचे मौजूद हों तो बड़ा हादसा हो सकता है।
सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की अपील
पर्यटन सुरक्षा समिति ने प्रशासन और परियोजना प्रबंधन से अपील की है कि हुंडरू फॉल में चेतावनी बोर्ड, बैरिकेडिंग, सुरक्षा कर्मियों की तैनाती और प्रतिबंधित क्षेत्रों की निगरानी को और मजबूत किया जाए, ताकि पर्यटकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। बरसात के मौसम में हुंडरू फॉल में पर्यटकों की संख्या बढ़ जाती है। ऐसे में प्रशासन ने भी पर्यटकों से अपील की है कि वे केवल निर्धारित सुरक्षित क्षेत्रों में ही रहें और किसी भी प्रतिबंधित स्थान पर जाने से बचें।

