नई दिल्ली: अगर आप रोज सुबह जिम जाते हैं, वॉक करते हैं या योग करते हैं, लेकिन दिन के 8 से 10 घंटे लगातार कुर्सी पर बैठकर काम करते हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद महत्वपूर्ण है। एक नए अध्ययन में दावा किया गया है कि लंबे समय तक लगातार बैठे रहने से कैंसर होने और कैंसर से मौत का खतरा बढ़ सकता है, भले ही व्यक्ति नियमित रूप से व्यायाम करता हो।

PLOS Medicine में प्रकाशित हुआ अध्ययन
यह अध्ययन प्रतिष्ठित पीयर-रिव्यू जर्नल PLOS Medicine में प्रकाशित हुआ है। शोधकर्ताओं ने 91 हजार से अधिक वयस्कों पर 12 वर्षों से अधिक समय तक अध्ययन किया। अध्ययन में पाया गया कि जो लोग प्रतिदिन 30 मिनट से अधिक समय तक बिना उठे लगातार बैठे रहते हैं, उनमें कैंसर से मृत्यु का जोखिम धीरे-धीरे बढ़ने लगता है।
सिर्फ व्यायाम करना पर्याप्त नहीं
शोध में यह भी सामने आया कि केवल रोजाना व्यायाम कर लेना पर्याप्त नहीं है। यदि दिनभर लंबे समय तक लगातार बैठे रहने की आदत बनी रहती है, तो इसका नकारात्मक प्रभाव स्वास्थ्य पर पड़ सकता है। विशेषज्ञों का कहना है कि शरीर को सक्रिय रखना और बीच-बीच में उठकर चलना भी उतना ही जरूरी है जितना नियमित व्यायाम।
किन लोगों को ज्यादा सावधान रहने की जरूरत?
यह अध्ययन खासतौर पर उन लोगों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है जो:
- ऑफिस में लंबे समय तक डेस्क पर बैठकर काम करते हैं।
- आईटी और कॉर्पोरेट सेक्टर में कार्यरत हैं।
- घर से काम (Work From Home) करते हैं।
- प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में घंटों लगातार पढ़ाई करते हैं।
- लंबे समय तक कंप्यूटर या लैपटॉप के सामने बैठे रहते हैं।
क्या सलाह दे रहे हैं विशेषज्ञ?
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार:
- हर 30 मिनट बाद कुछ मिनट के लिए खड़े होकर टहलें।
- स्ट्रेचिंग और हल्की-फुल्की शारीरिक गतिविधि करें।
- लंबे समय तक लगातार बैठने से बचें।
- नियमित व्यायाम के साथ पूरे दिन शरीर को सक्रिय रखना भी जरूरी है।
स्वास्थ्य के प्रति रहें सतर्क
विशेषज्ञों का मानना है कि आधुनिक जीवनशैली में बढ़ती निष्क्रियता (Sedentary Lifestyle) कई गंभीर बीमारियों का कारण बन रही है। ऐसे में नियमित व्यायाम के साथ-साथ दिनभर सक्रिय रहना भी कैंसर समेत कई स्वास्थ्य जोखिमों को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

