
झारखंड SIR को लेकर कांग्रेस ने उठाए सवाल, चतरा में एक दिन में 1,113 Form-7 जमा होने की जांच की मांग
नोटिस वाले मतदाताओं की सुनवाई के लिए अतिरिक्त केंद्र और अधिकारियों की तैनाती की मांग, हर सप्ताह Form-6, 7 और 8 का डेटा साझा करने की अपील

रांची: झारखंड में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर कांग्रेस ने चुनाव आयोग के सामने कई मुद्दे उठाए हैं। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश के निर्देश पर पार्टी महासचिव सूर्यकांत शुक्ला और लाल किशोर नाथ शाहदेव ने मंगलवार को मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने SIR प्रक्रिया को लेकर पारदर्शिता बढ़ाने और मतदाताओं की समस्याओं का जल्द समाधान करने की मांग रखी।
कांग्रेस नेताओं ने खास तौर पर नोटिस पाने वाले मतदाताओं की सुनवाई को लेकर व्यवस्था आसान बनाने की मांग की। उनका कहना था कि सुनवाई के लिए अतिरिक्त केंद्र बनाए जाएं और पर्याप्त संख्या में अधिकारियों की तैनाती की जाए, ताकि लोगों को परेशानी न हो और मामलों का समय पर निपटारा किया जा सके।
हर सप्ताह Form-6, 7 और 8 का डेटा देने की मांग
प्रतिनिधिमंडल ने विधानसभा-वार Form-6, Form-7 और Form-8 की जानकारी हर सप्ताह उपलब्ध कराने की मांग भी की। कांग्रेस के मुताबिक यह जानकारी निर्धारित फॉर्मेट-9, 10, 11-A और 11-B के अनुसार जिला स्तर पर BLA-1 और BLA-2 तथा राज्य स्तर पर मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों को दी जानी चाहिए।
चतरा में 1,113 Form-7 पर कांग्रेस ने मांगी जांच
मुलाकात के दौरान चतरा विधानसभा क्षेत्र में Form-7 की संख्या बढ़ने का मुद्दा भी उठाया गया। कांग्रेस नेताओं के अनुसार, चतरा में एक ही दिन में 1,113 Form-7 जमा होने की बात सामने आयी है। पार्टी ने इस मामले की जांच कराने और Form-10 के जरिए इसका पूरा विवरण साझा करने की मांग की है।
बता दें कि Form-7 का इस्तेमाल मौजूदा मतदाता सूची में किसी नाम को लेकर आपत्ति दर्ज कराने या निर्धारित आधार पर नाम हटाने का अनुरोध करने के लिए किया जाता है। किसी Form-7 के दाखिल होने से नाम अपने-आप मतदाता सूची से नहीं हटता; इसके लिए निर्धारित प्रक्रिया के तहत जांच और सुनवाई होती है।
बूथ नंबर और BC-1 रिकॉर्ड में सुधार की मांग
कांग्रेस ने बूथों के पुनर्गठन के बाद पुराने और नए बूथ नंबरों की अपडेटेड सूची राजनीतिक दलों को जल्द उपलब्ध कराने की मांग की। इसके अलावा BC-1 सूची के क्रमांक 3342 में दर्ज तकनीकी त्रुटियों को सही दस्तावेजों के आधार पर सुधारने का मुद्दा भी उठाया गया।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने प्रतिनिधिमंडल की ओर से उठायी गयी समस्याओं पर जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया।



