चुटिया से हरमू और कांटाटोली तक बदलेगा सड़कों का लुक, निगम ने जारी किए टेंडर; जगन्नाथपुर में 10 लेन सड़क के खिलाफ 7 सितंबर को धरना

रांची: राजधानी रांची की सड़कों को हरियाली और बेहतर लुक देने की तैयारी शुरू हो गई है। शहर के कई प्रमुख इलाकों में ग्रीन पैच विकसित किए जाएंगे। इसके लिए रांची नगर निगम ने करीब 2.86 करोड़ रुपये के टेंडर जारी किए हैं।
चुटिया, रेलवे स्टेशन, कोकर, कांटाटोली, डोरंडा, हटिया, हरमू, अरगोड़ा, बिरसा चौक, कडरू और पंडरा समेत कई इलाकों को इस योजना में शामिल किया गया है। खास बात यह है कि सिर्फ ग्रीन पैच तैयार करना ही नहीं, बल्कि इनके निर्माण के बाद एक साल तक रखरखाव की जिम्मेदारी भी संबंधित एजेंसी की होगी।
इन इलाकों में होगा हरियाली का काम
ग्रीन पैच तैयार करने के लिए अलग-अलग हिस्सों को लेकर बजट तय किया गया है। चुटिया, रांची रेलवे स्टेशन और कोकर के विभिन्न स्थानों पर करीब 84.37 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे।
वहीं कांटाटोली, डोरंडा और हटिया इलाके में हरियाली विकसित करने पर लगभग 57.71 लाख रुपये खर्च होने का अनुमान है। इसके अलावा सहजानंद चौक, हरमू, अरगोड़ा चौक, बिरसा चौक और कडरू को भी योजना में शामिल किया गया है। इस हिस्से के लिए करीब 60.49 लाख रुपये का प्रावधान है।
वहीं दीनदयाल चौक से जज कॉलोनी तक, एलपीएन साहदेव चौक, पंडरा और आसपास के क्षेत्रों में ग्रीन पैच तैयार करने के लिए करीब 83.25 लाख रुपये की अनुमानित लागत रखी गई है। कुल मिलाकर नगर निगम की इस योजना पर 2 करोड़ 85 लाख 81 हजार 660 रुपये खर्च होने हैं।
दूसरी ओर 10 लेन सड़क का विरोध तेज
एक तरफ शहर को हरा-भरा बनाने की तैयारी है, तो दूसरी तरफ प्रस्तावित 10 लेन सड़क परियोजना को लेकर विरोध बढ़ता जा रहा है। बस्ती बचाओ संघर्ष समिति ने सड़क निर्माण के विरोध में आंदोलन तेज करने का फैसला लिया है। इसी क्रम में बुधवार को जगन्नाथपुर चौक पर नुक्कड़ सभा आयोजित की गई। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि सड़क बनने से बस्ती, स्कूल और कई ऐतिहासिक स्थलों पर असर पड़ सकता है।
ऐतिहासिक स्थलों को लेकर भी जताई चिंता
समिति के संयोजक मिंटू पासवान का कहना है कि प्रस्तावित सड़क से जगन्नाथपुर की ऐतिहासिक रथ यात्रा और मेला प्रभावित हो सकता है। इसके साथ ही इलाके में मौजूद 1691 ईस्वी में स्थापित प्राचीन देवी मंदिर और करीब पांच दशक पुराने दुर्गा मंदिर पर भी असर पड़ने की आशंका जताई गई है।
समिति ने सरकार से 10 लेन सड़क की योजना को रद्द करने की मांग की है। साथ ही कहा है कि अगर ट्रैफिक व्यवस्था सुधारने के लिए सड़क का विस्तार जरूरी है, तो इसके विकल्प के तौर पर फ्लाईओवर पर विचार किया जा सकता है।
7 सितंबर को धरना देने का ऐलान
नुक्कड़ सभा में वार्ड 37 के पार्षद परमेश्वर सिंह समेत कई स्थानीय लोग और समिति के सदस्य मौजूद रहे। बैठक के दौरान तय किया गया कि 7 सितंबर को शहीद मैदान में धरना दिया जाएगा।
यानी रांची में एक ओर सड़कों को ग्रीन पैच के जरिए खूबसूरत बनाने की तैयारी चल रही है, वहीं दूसरी ओर 10 लेन सड़क को लेकर स्थानीय लोगों का विरोध भी तेज हो रहा है। अब देखना होगा कि सरकार इस परियोजना को लेकर आगे क्या फैसला लेती है।

