मारुति, टाटा और महिंद्रा की मजबूत बिक्री से ऑटो बाजार को मिला सहारा, GST कटौती और ब्याज दरों में कमी से बढ़ी मांग

नई दिल्ली: देश के ऑटोमोबाइल बाजार में एक बार फिर तेजी देखने को मिल रही है। अगस्त 2026 में भारत में यात्री वाहनों की घरेलू बिक्री में करीब 35 फीसदी की बढ़ोतरी का अनुमान है। इस दौरान कुल बिक्री लगभग 4.5 लाख यूनिट तक पहुंच सकती है। बाजार में आई इस तेजी के पीछे मारुति सुजुकी, टाटा मोटर्स और महिंद्रा एंड महिंद्रा जैसी प्रमुख कंपनियों की मजबूत बिक्री को बड़ी वजह माना जा रहा है।
ऑटो इंडस्ट्री से जुड़े आंकड़ों के मुताबिक, अगस्त में कई प्रमुख वाहन कंपनियों ने पिछले साल के मुकाबले बेहतर प्रदर्शन किया है। इससे संकेत मिल रहा है कि ग्राहकों की कार खरीदने की दिलचस्पी बढ़ी है।
टाटा मोटर्स की बिक्री में करीब 59% उछाल
अगस्त में सबसे ज्यादा चर्चा टाटा मोटर्स की बिक्री को लेकर रही। कंपनी की घरेलू बिक्री में करीब 59 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई। अगस्त 2025 में जहां कंपनी ने 41,001 वाहन बेचे थे, वहीं अगस्त 2026 में यह आंकड़ा बढ़कर 65,253 यूनिट पहुंच गया।
वहीं, मारुति सुजुकी की बिक्री अगस्त 2026 में 1,76,971 यूनिट रही, जबकि पिछले साल इसी महीने में कंपनी ने 1,31,278 यूनिट बेची थीं। इस तरह कंपनी की बिक्री में करीब 34.8 फीसदी की वृद्धि हुई।
महिंद्रा की बिक्री भी करीब 50% बढ़ी
SUV सेगमेंट में मजबूत मांग का फायदा महिंद्रा एंड महिंद्रा को भी मिला। अगस्त 2026 में कंपनी की बिक्री करीब 50 फीसदी बढ़कर 59,257 यूनिट पहुंच गई। पिछले साल अगस्त में कंपनी ने 39,399 यूनिट बेची थीं। दूसरी ओर, हुंडई मोटर इंडिया की बिक्री 54,396 यूनिट रही, जो अगस्त 2025 के 44,009 यूनिट के मुकाबले करीब 23.6 फीसदी ज्यादा है।
किआ और JSW MG की बिक्री में भी तेजी
किआ इंडिया की अगस्त बिक्री भी मजबूत रही। कंपनी ने 29,042 यूनिट बेचीं, जबकि पिछले साल अगस्त में यह आंकड़ा 19,608 यूनिट था। यानी बिक्री में करीब 48.1 फीसदी की बढ़ोतरी हुई। वहीं, JSW MG मोटर की बिक्री 7,508 यूनिट रही, जो पिछले साल के 6,586 यूनिट के मुकाबले करीब 14 फीसदी अधिक है।
सबसे तेज प्रतिशत वृद्धि निसान मोटर इंडिया की बिक्री में देखने को मिली। कंपनी की बिक्री 1,384 यूनिट से बढ़कर 3,426 यूनिट पहुंच गई। यानी इसमें करीब 147.5 फीसदी की जबरदस्त बढ़ोतरी दर्ज की गई।
GST कटौती और सस्ती ब्याज दरों से बढ़ी मांग
ऑटो इंडस्ट्री के अनुसार, यात्री वाहनों की बिक्री में तेजी के पीछे कई आर्थिक कारण हैं। GST में कटौती, रेपो रेट में कमी और टैक्स से जुड़ी राहत ने ग्राहकों की खरीद क्षमता को बढ़ावा दिया है।
इसके अलावा SUV और नए मॉडल्स की बढ़ती लोकप्रियता ने भी बाजार में मांग को मजबूत किया है। कंपनियों की बेहतर बिक्री से संकेत मिल रहा है कि त्योहारी सीजन से पहले ऑटो सेक्टर में सकारात्मक माहौल बना हुआ है।
ऑटो सेक्टर के लिए मजबूत संकेत
यात्री वाहनों की बिक्री में यह तेजी वाहन कंपनियों के साथ-साथ पूरे ऑटो सेक्टर के लिए सकारात्मक संकेत मानी जा रही है। अगर मांग का यह ट्रेंड आने वाले महीनों में भी जारी रहता है, तो त्योहारी सीजन के दौरान वाहन बिक्री में और तेजी देखने को मिल सकती है।

