जून के मुकाबले बिलिंग दक्षता में करीब 1.5 प्रतिशत अंक की बढ़ोतरी, हजारीबाग सर्किल 99.26% के साथ राज्य में सबसे आगे

रांची: झारखंड में बिजली उपभोक्ताओं तक समय पर बिल पहुंचाने की व्यवस्था में सुधार दर्ज किया गया है। झारखंड बिजली वितरण निगम लिमिटेड (JBVNL) की जुलाई 2026 की बिलिंग रिपोर्ट के मुताबिक राज्य की ओवरऑल बिलिंग दक्षता बढ़कर 96 प्रतिशत हो गई है। जून में यह आंकड़ा करीब 95 प्रतिशत था। यानी एक महीने में लगभग 1.5 प्रतिशत अंक का सुधार दर्ज किया गया।
रिपोर्ट के अनुसार, राज्य में कुल 56,04,917 प्रभावी बिजली उपभोक्ता हैं। इनमें से 54,13,542 उपभोक्ताओं की बिलिंग पूरी कर ली गई है, जबकि करीब 1,91,375 उपभोक्ताओं की बिलिंग अभी लंबित है।
हजारीबाग सबसे आगे, धनबाद सबसे पीछे
जुलाई में हजारीबाग सर्किल ने 99.26 प्रतिशत बिलिंग दक्षता के साथ राज्य में पहला स्थान हासिल किया। इसके बाद कोडरमा 99.13 प्रतिशत, रामगढ़ 98.48 प्रतिशत, जमशेदपुर 98.14 प्रतिशत और रांची 97.57 प्रतिशत के साथ टॉप-5 में शामिल रहे।दूसरी ओर, धनबाद सर्किल 93.21 प्रतिशत बिलिंग दक्षता के साथ सबसे निचले स्थान पर रहा। इसके बाद दुमका में 94.14 प्रतिशत और चास में 94.78 प्रतिशत बिलिंग दर्ज की गई।
बिजली निगम का मानना है कि बिलिंग व्यवस्था में सुधार का सीधा असर राजस्व संग्रह पर पड़ता है। समय पर बिल तैयार होने से उपभोक्ताओं को भुगतान के लिए पर्याप्त समय मिलता है और वितरण व्यवस्था की वित्तीय स्थिति को मजबूत करने में भी मदद मिलती है।निगम प्रबंधन ने अधिकारियों को बिलिंग दक्षता में लगातार सुधार करने और अधिक से अधिक उपभोक्ताओं तक समय पर बिजली बिल पहुंचाने के निर्देश दिए हैं।

