
राज्यपाल को जेएलकेएम ने सौंपा छह सूत्री ज्ञापन, अवैध खनन से लेकर सिलिकोसिस तक के मुद्दे उठाए
बहरागोड़ा और धालभूमगढ़ की समस्याओं पर कार्रवाई की मांग, प्रदूषण और वन भूमि अतिक्रमण की जांच की मांग

रांची: झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (जेएलकेएम) के कोल्हान प्रमंडल के प्रतिनिधिमंडल ने राज्यपाल को छह सूत्री ज्ञापन सौंपा है। ज्ञापन के जरिए पूर्वी सिंहभूम के बहरागोड़ा और धालभूमगढ़ क्षेत्र की कई जनसमस्याओं को उठाते हुए संबंधित मामलों में कार्रवाई की मांग की गई है।
प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व जेएलकेएम कोल्हान प्रमंडल के उपाध्यक्ष कलन महतो और रविंदर कुमार महतो ने किया।
सुवर्णरेखा नदी के कटाव का मुद्दा
ज्ञापन में सुवर्णरेखा नदी के कटाव से प्रभावित किसानों के लिए मुआवजा और पुनर्वास पैकेज देने की मांग की गई है। इसके साथ ही नदी के किनारे तटबंध निर्माण कराने की मांग भी रखी गई।
वहीं, क्षेत्र में अवैध खनन, क्रशर संचालन और ब्लास्टिंग पर रोक लगाने की मांग की गई है। मुड़ादेवता स्थित शारदा प्रोजेक्ट्स लिमिटेड की पर्यावरणीय स्वीकृति और अपशिष्ट निस्तारण व्यवस्था की जांच कराने की मांग भी प्रतिनिधिमंडल ने की।
उद्योगों से जुड़े प्रदूषण का मामला उठाया
जेएलकेएम नेताओं ने उल्दा स्थित ग्लोबस स्पिरिट्स लिमिटेड को लेकर प्रदूषण और वन भूमि अतिक्रमण के आरोप लगाते हुए जांच की मांग की। वहीं कदमबेड़ा स्थित गजानन फेरो प्राइवेट लिमिटेड से जुड़े प्रदूषण के मुद्दे के साथ तेज आवाज वाले साइरन के इस्तेमाल पर रोक लगाने की मांग की गई।
सिलिकोसिस प्रभावितों के लिए मुआवजे की मांग
ज्ञापन में बेतझरिया स्थित खेतान एंटरप्राइजेस और धालभूमगढ़ के जोरेसोल स्थित कृष्णा एंड कृष्णा उद्योग से जुड़े सिलिका धूल प्रदूषण का मुद्दा भी उठाया गया।
प्रतिनिधिमंडल ने सिलिकोसिस प्रभावित इलाकों में मेडिकल कैंप लगाने, पीड़ितों और मृतकों के परिवारों को मुआवजा देने तथा आश्रितों को रोजगार उपलब्ध कराने की मांग की।
जेएलकेएम नेताओं ने कहा कि अगर इन मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं होती है, तो पार्टी की ओर से आंदोलन किया जाएगा।




