
Abua News Jharkhand | International Desk
पश्चिम एशिया में शांति की उम्मीदों के बीच एक बार फिर तनाव बढ़ता नजर आ रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान ने होरमुज़ जलडमरूमध्य के ऊपर गश्त कर रहे एक अमेरिकी AH-64 अपाचे हेलीकॉप्टर को मार गिराया है। इस घटना के बाद ट्रंप ने कहा कि अमेरिका को इस हमले का जवाब देना ही होगा।
ट्रंप के अनुसार, हेलीकॉप्टर पर हमला सोमवार रात हुआ। हालांकि राहत की बात यह रही कि हेलीकॉप्टर के दोनों पायलट सुरक्षित बचा लिए गए और उनकी स्थिति स्थिर बताई जा रही है। अमेरिकी सेना ने विशेष अभियान चलाकर दोनों को सुरक्षित निकाला।
इस बीच, इजरायल के प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu ने कहा है कि “उस मोर्चे पर आग फिलहाल नियंत्रित कर ली गई है।” उनका यह बयान उस समय आया जब तेहरान ने घोषणा की कि उसने इजरायल के खिलाफ अपनी सैन्य कार्रवाई रोक दी है।
हाल के दिनों में ईरान और इजरायल के बीच मिसाइल हमलों और जवाबी कार्रवाई ने पूरे क्षेत्र को युद्ध के मुहाने पर ला खड़ा किया था। अमेरिकी हस्तक्षेप और कूटनीतिक प्रयासों के बाद दोनों पक्षों ने अस्थायी रूप से तनाव कम करने के संकेत दिए हैं, लेकिन अपाचे हेलीकॉप्टर की घटना ने हालात को फिर से जटिल बना दिया है।
रिपोर्टों के अनुसार, यह घटना रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण होरमुज़ जलडमरूमध्य के पास हुई, जहां से दुनिया के बड़े हिस्से का तेल व्यापार गुजरता है। किसी भी सैन्य टकराव का असर वैश्विक ऊर्जा बाजार और तेल कीमतों पर पड़ सकता है।
अमेरिकी प्रशासन ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि उसका जवाब सैन्य होगा या कूटनीतिक, लेकिन ट्रंप के बयान ने संकेत दे दिया है कि वॉशिंगटन इस घटना को हल्के में लेने के मूड में नहीं है। वहीं, क्षेत्रीय विशेषज्ञों का मानना है कि यदि दोनों पक्ष संयम नहीं बरतते हैं तो पश्चिम एशिया में एक बड़ा संघर्ष भड़क सकता है।


