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Jaspal Rana का निधन 49 वर्ष की उम्र में एशियाई खेलों के गोल्ड मेडलिस्ट और मनु भाकर के कोच का हुआ निधन 2026

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एशियाई खेलों के गोल्ड मेडलिस्ट और मनु भाकर के कोच जसपाल राणा Jaspal Rana का 49 वर्ष की उम्र में निधन हो गया है। भारतीय निशानेबाजी जगत के इस दिग्गज ने गुरुवार रात 11 जून 2026 को दिल्ली के एक अस्पताल में अंतिम सांस ली। उनके निधन से खेल जगत में शोक की लहर है।

जसपाल राणा Jaspal Rana पिछले कुछ समय से बीमार चल रहे थे। वे जर्मनी के म्यूनिख में आईएसएसएफ विश्व कप से भारतीय दल के साथ लौट रहे थे तभी उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई थी। दिल्ली हवाई अड्डे पर उतरने के बाद उन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

डॉक्टरों ने जसपाल राणा Jaspal Rana के दिल की ब्लॉकेज साफ करने के लिए स्टेंट लगाया था। शुरुआत में उनकी हालत स्थिर बताई जा रही थी लेकिन बाद में उनकी तबीयत ने फिर से करवट ली। हार्ट संबंधी जटिलताओं के कारण उनका निधन हो गया।

जसपाल राणा Jaspal Rana भारतीय निशानेबाजी के सबसे बड़े नामों में से एक थे। उन्होंने एक एथलीट के रूप में कई अंतरराष्ट्रीय उपलब्धियां हासिल कीं और बाद में कोच बनकर देश को ओलंपिक मेडल दिलाने वाले खिलाड़ी तैयार किए। उनके योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता।

एक निशानेबाज के रूप में जसपाल राणा Jaspal Rana ने 1994 के राष्ट्रमंडल खेलों और एशियाई खेलों में 25 मीटर पिस्टल में स्वर्ण पदक जीता था। उनका यह प्रदर्शन भारतीय निशानेबाजी के इतिहास में मील का पत्थर माना जाता है।

जसपाल राणा Jaspal Rana की सबसे बड़ी उपलब्धि 2006 के एशियाई खेलों में आई थी। उन्होंने उस स्पर्धा में तीन स्वर्ण और एक रजत पदक जीते थे। साथ ही उन्होंने उस समय का विश्व रिकॉर्ड भी बराबर किया था। यह प्रदर्शन भारतीय निशानेबाजी के इतिहास में सर्वश्रेष्ठ में से एक है।

जसपाल राणा Jaspal Rana ने राष्ट्रमंडल खेलों में कुल 15 पदक जीते थे जिनमें 9 स्वर्ण पदक शामिल हैं। वह राष्ट्रमंडल खेलों में भारत के सबसे सफल एथलीट भी हैं। यह रिकॉर्ड आज तक किसी अन्य भारतीय ने नहीं तोड़ा है।

एथलीट के रूप में संन्यास के बाद जसपाल राणा Jaspal Rana ने कोचिंग का रुख किया और यहां भी उन्होंने देश का नाम रोशन किया। उन्होंने जूनियर राष्ट्रीय कोच के रूप में अपनी सेवाएं दीं और कई प्रतिभाशाली निशानेबाजों को तैयार किया।

जसपाल राणा Jaspal Rana की सबसे बड़ी उपलब्धि कोच के रूप में मनु भाकर को 2024 पेरिस ओलंपिक में दो कांस्य पदक दिलाना था। मनु भाकर ओलंपिक के एक ही संस्करण में दो पदक जीतने वाली पहली भारतीय एथलीट बनीं।

जसपाल राणा Jaspal Rana ने सौरभ चौधरी, अनिश भंवाला और चिंकी यादव जैसे कई शीर्ष निशानेबाजों को भी प्रशिक्षित किया। उन्होंने 2012 से जूनियर कार्यक्रम में जुड़कर भारत के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों की एक मजबूत पाइपलाइन तैयार की।

जसपाल राणा Jaspal Rana को उनके कोचिंग योगदान के लिए 2020 में प्रतिष्ठित द्रोणाचार्य पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। फरवरी 2025 में राष्ट्रीय राइफल एसोसिएशन ऑफ इंडिया ने उन्हें 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा के लिए हाई परफॉरमेंस कोच नियुक्त किया था।

जसपाल राणा Jaspal Rana एक सख्त अनुशासन प्रिय कोच के रूप में जाने जाते थे। उन्होंने ऐसी प्रशिक्षण प्रणाली विकसित की थी जो ओलंपिक के दबाव को दोहराती थी। उनके प्रशिक्षण के तरीकों की दुनिया भर में सराहना हुई।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जसपाल राणा Jaspal Rana के निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया। उन्होंने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि यह भारतीय खेलों के लिए बहुत बड़ी क्षति है। उन्होंने उनके परिवार और प्रशंसकों के प्रति संवेदना व्यक्त की।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि जसपाल राणा Jaspal Rana ने एक निशानेबाज के रूप में और बाद में एक मेंटर के रूप में देश को गौरवान्वित किया। उनके प्रति समर्पण, अनुशासन और खेल के प्रति सेवा ने सभी को प्रेरित किया।

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने भी जसपाल राणा Jaspal Rana के निधन पर शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड राज्य के लिए उनके योगदान को भी हमेशा याद रखा जाएगा। उनके परिवार के प्रति संवेदनाएं व्यक्त कीं।

राष्ट्रीय राइफल एसोसिएशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष कालिकेश नारायण सिंह देव ने जसपाल राणा Jaspal Rana के निधन की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि हार्ट संबंधी जटिलताओं के कारण उनका इलाज चल रहा था लेकिन वह ठीक नहीं हो सके।

मनु भाकर ने भी अपने कोच जसपाल राणा Jaspal Rana को भावपूर्ण श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि उनके बिना उनका ओलंपिक सफर अधूरा था। उन्होंने उन्हें अपना गुरु और प्रेरणा स्रोत बताया।

भारतीय निशानेबाजी जगत के कई दिग्गजों ने जसपाल राणा Jaspal Rana के निधन पर दुख जताया। उन्हें एक युग का अंत बताया गया। उनके जैसा प्रतिभाशाली निशानेबाज और समर्पित कोच भारत को फिर से नहीं मिलेगा।

जसपाल राणा Jaspal Rana ने बतौर कोच जूनियर प्रोग्राम में 2012 में ज्वाइन किया था। तब से लेकर अब तक उन्होंने देश के लिए कई विश्व स्तरीय निशानेबाज तैयार किए हैं। उनकी कोचिंग में तैयार खिलाड़ियों ने एशियाई खेलों, राष्ट्रमंडल खेलों और ओलंपिक में पदक जीते हैं।

जसपाल राणा Jaspal Rana के परिवार में उनकी पत्नी रीना राणा, बेटी देवांशी, बेटा युवराज, पिता नारायण सिंह राणा और बहन सुषमा सिंह व भाई सुभाष राणा हैं। पूरा खेल जगत उनके इस दुख में उनके परिवार के साथ खड़ा है।

जसपाल राणा Jaspal Rana का निधन भारतीय खेलों के लिए एक अपूरणीय क्षति है। उन्होंने एक एथलीट के रूप में देश को गौरवान्वित किया और एक कोच के रूप में भविष्य के चैंपियन तैयार किए। उनकी विरासत हमेशा जीवित रहेगी।

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National Rifle Association of India Official Website
https://www.nrai.in

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International Shooting Sport Federation ISSF Official Website
https://www.issf-sports.org

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